गुंडा एक्ट में झूठा फसाने पर पुलिस पर हुआ मुकदमा,
सीजेएम मृत्युंजय श्रीवास्तव ने आगरा मे पीड़ित द्वारा अपने वकील हर्ष मलिक के जरिये दिये गये प्रार्थना पत्र को सुनने के बाद पुलिस कर्मियों पर मुकदमा पंजीकृत करने का आदेश दिया,
थानाअध्यक्ष न्यू आगरा और अन्य पुलिस कर्मियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच के आदेश दिए,
प्रार्थी का आरोप है कि उसके खिलाफ गुंडा एक्ट का कोई मुकदमा दर्ज नहीं था फिर भी पुलिस ने हाई कोर्ट में शपथ पत्र देकर बताया कि उसके विरुद्ध थाना न्यू आगरा में अपराध संख्या 355/2009 के तहत गुंडा एक्ट का मामला दर्ज है इसी आधार पर इसकी जमानत प्रार्थना पत्र लंबित रहा और उसे निर्दोष होने के बावजूद जेल में रहना पड़ा,जेल से रिहा होने के बाद प्रार्थी ने सूचना के अधिकार के तहत जानकारी मांगी जिस पर पुलिस ने भी वही सूचना दी, बाद में एडीएम फर्स्ट की आदालत मे स्पष्ट हुआ कि गुंडा एक्ट का कोई मामला दर्ज ही नहीं है प्रार्थी ने इसे साजिश बताते कार्रवाई की मांग की है,
सीजेएम मृत्युंजय श्रीवास्तव ने आगरा मे पीड़ित द्वारा अपने वकील हर्ष मलिक के जरिये दिये गये प्रार्थना पत्र को सुनने के बाद पुलिस कर्मियों पर मुकदमा पंजीकृत करने का आदेश दिया,
